रामायण के राम का अब सोशल मीडिया पर छलका दर्द

 

जयपुर।  रामानंद सागर द्वारा निर्मित धारावाहिक 'रामायण' में सर्वश्रेष्ठ अभिनय के बावजूद कोई भी पुरस्कार ना मिलने पर श्रीराम का किरदार निभाने वाले अरुण गोविल को अब मलाल होने लगा है।  राम के किरदार की प्रतिष्ठा को बखूबी निभाने वाले और अपने इसी किरदार की बदौलत लोकप्रियता के सारे रिकॉर्ड तोड़ने वाले अरुण गोविल ने एक साक्षात्कार में यह बात कही। अरुण गोविल ने अपने अभिनय एवं कला की उपेक्षा के लिए न सिर्फ केंद्र बल्कि उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र सरकार को भी जिम्मेदार ठहराया है।


ट्विटर पर एक साक्षात्कार में भाग लेने के दौरान उत्तर प्रदेश के मेरठ निवासी और  राम का किरदार निभाने वाले अरुण गोविल ने रामायण में राम के बेहतरीन किरदार निभाने के बावजूद क्यों किसी भी पुरस्कार से सम्मानित नहीं किए जाने के सवाल पर यह जवाब दिया- 'मैं 50 साल से मुंबई में रह रहा हूं। उत्तर प्रदेश का निवासी हूं, लेकिन अभी तक केंद्र या किसी राज्य सरकार ने मुझे अपने अभिनय के लिए कोई पुरस्कार नहीं दिया।'

गौरतलब है कि जब रामायण 1987 में रिलीज हुई थी तब उनके किरदार से प्रभावित होकर लोग उनकी पूजा करने के लिए शूटिंग के दौरान सेट पर पहुंच जाया करते थे और आज भी इस धारावाहिक में उनके काम की हरपुर तारीफें होती हैं। 

 

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